गेहूं  खरीदी में देरी पर भड़के विधायक यादवेंद्र सिंह, बोले“सरकार किसानों को कर रही मजबूर



टीकमगढ़ में कांग्रेस विधायक यादवेंद्र सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर गेहूं खरीदी में देरी को लेकर सरकार पर गंभीर आरोप लगाए उन्होंने कहा कि सरकार जानबूझकर खरीदी की तारीख बढ़ा रही है ताकि किसान कम दाम पर गेहूं बेचने को मजबूर हों विधायक के मुताबिक 1 एकड़ में सिर्फ 5 क्विंटल खरीदी सीमा तय है, जबकि पैदावार 15-18 क्विंटल होती है उन्होंने बारदाने की कमी और खरीदी व्यवस्था को पूरी तरह विफल बताया किसानों पर बिजली बिल और बैंक कर्ज का दबाव भी बढ़ रहा है केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान के आय बढ़ने वाले दावे पर भी उन्होंने सवाल उठाए विधायक ने कहा कि सरकार किसानों को व्यापारियों के भरोसे छोड़ रही है क्या गेहूं खरीदी की तारीख बढ़ाना किसानों के हित में है या व्यापारियों के क्या सरकार MSP को सिर्फ कागजों में ही लागू कर रही है जब मंडियों में व्यवस्था नहीं है, तो किसानों को उपज सड़ने के लिए छोड़ दिया जाए क्या हर साल बारदाने की कमी “संयोग” है या “लापरवाही” 5 क्विंटल की लिमिट तय कर क्या सरकार किसानों की कमाई पर “कट” लगा रही है क्या यह नीति बड़े व्यापारियों को फायदा पहुंचाने के लिए बनाई गई है शिवराज सिंह चौहान जिन किसानों की आय बढ़ने की बात करते हैं, वे किसान आखिर हैं कौन क्या सरकार किसानों की परेशानी समझने के बजाय आंकड़ों का खेल खेल रही है अगर खरीदी समय पर नहीं होगी, तो नुकसान की भरपाई कौन करेगा क्या किसान अब अपनी ही फसल का सही दाम पाने के लिए संघर्ष करने को मजबूर हैं।

संवाददाता -: राजकुमारी ठाकुर