मंडीदीप में तालाब उत्खनन पर हंगामा, ग्रामीणों के विरोध के बाद कार्रवाई, फिर शुरू हुआ काम


मंडीदीप के ग्राम दाहोद स्थित सार्वजनिक तालाब में अवैध उत्खनन की सूचना पर शनिवार को ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने खुदाई का काम रुकवाते हुए प्रशासन को सूचना दी, जिसके बाद राजस्व अमला सक्रिय हुआ।

सूचना मिलते ही तहसीलदार हेमंत श्रीवास्तव मौके पर पहुंचे और ठेकेदार से खुदाई की अनुमति संबंधी दस्तावेज मांगे। दस्तावेज प्रस्तुत न करने पर उन्होंने पंचनामा बनाकर चार डंपर और एक पोकलेन मशीन जब्त कर नूरगंज थाना पुलिस के हवाले कर दी। जब्त वाहनों में दो बिना नंबर के डंपर भी शामिल थे, जिससे ग्रामीणों में और आक्रोश बढ़ गया।

विरोध प्रदर्शन के दौरान सरपंच प्रतिनिधि महेश पटेल, जनपद सदस्य सज्जन सिंह नागर सहित अन्य ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि उत्खनन की कोई पूर्व सूचना ग्राम पंचायत को नहीं दी गई। अचानक शुरू हुई खुदाई और बिना नंबर के वाहनों के संचालन से सुरक्षा और नियमों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए।

हालांकि, अगले ही दिन लोक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा अनुमति पत्र प्रस्तुत करने के बाद स्थिति बदल गई। विभाग के कार्यपालन यंत्री बी.के. सूत्रकार ने बताया कि ठेकेदार को 9 अप्रैल को ही अनुमति जारी कर दी गई थी, लेकिन तकनीकी कारणों से उसकी प्रति समय पर नहीं पहुंच सकी।

अनुमति पत्र दिखाए जाने के बाद तहसीलदार ने जब्त किए गए वाहनों को छोड़ दिया और उत्खनन कार्य पुनः शुरू हो गया। वहीं एसडीएम चंद्रशेखर श्रीवास्तव ने स्पष्ट किया कि शासकीय कार्यों के लिए PWD को सीधे अनुमति देने का अधिकार होता है।

संवाददाता : किशोर कुशवाहा